01/05/2026
आज दिनांक 1 मई 2026 को अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस के अवसर पर जनमुक्ति आंदोलन कार्यालय ग्राम नवादा डॉक्टर विनयन आश्रम मे एक बैठक का आयोजन किया गया जिसकी अध्यक्षता जनमुक्ति आंदोलन के महासचिव हरी लाल प्रसाद सिंह ने की यह दिन मुख्य रूप से 1 मई 1986 को अमेरिका के शिकागो में मजदूरों द्वारा 8 घंटे काम करने की मांग को लेकर हुए आंदोलन और उस दौरान पुलिस की गोलीबारी में मारे गए श्रमिकों के संघर्ष व बलिदान की याद में मनाया जाता है 19 वीं सदी में मजदूरों से 15 16 घंटे काम दिया जाता था इसके विरोध में शिकागो में यह आंदोलन हुआ था इस अवसर पर हम उन वीर शहीदों को भी याद करते हैं जिन्होंने अपने बलिदान से श्रमिकों कोआजादी दिलाई है इस कार्यक्रम में जन मुक्ति आंदोलन के कार्यकर्ताओं द्वारा अपने कामरेड डॉक्टर विनयन के प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भी याद किया गया इस कार्यक्रम में निम्न साथी उपस्थित हुए जन मुक्ति आंदोलन के उपाध्यक्ष संत प्रसाद,युवा मोर्चा के अध्यक्ष सुनील कुमार, छात्र मोर्चा के अध्यक्ष कुणाल कुमार, कोषाध्यक्ष भीम सिंह, सूरज देव यादव6 राजकुमार चौधरी संजय चौधरी अरुण कुमार वार्ड सदस्य सत्येंद्र यादव बरगुण प्रसाद सहित सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित हुए
27/04/2026
अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस के अवसर पर जनमुक्ति आंदोलन कार्यालय ग्राम नवादा में जनमुक्ति आंदोलन की ओर से मजदूर दिवस मनाने का फैसला लिया गया हैं जनमुक्ति आंदोलन के तमाम सक्रिय कार्यकर्ताओं एवं छात्र नौजवान महिला पुरुष बुद्धिजीवियों से निवेदन है कि स्थान डॉ विनयन आश्रम ग्राम नवादा समय 10:00 बजे दिनांक 01/05/2026 को आने का कष्ट करें आपका हरिलाल
01/04/2026
आज दिनांक 1 अप्रैल 2026 को डॉक्टर विनयन आश्रम ग्राम नवादा में कुर्मा हॉस्पिटल के माध्यम से मेडिकल कैंप लगाया गया जिसमें सैकड़ो लोग महिला पुरुष मुफ्त में इलाज करवाया
21/03/2026
*जनमुक्ति आंदोलन के द्वारा वनवासियों की समस्याओं के समाधान के लिए आमसभा का आयोजन किया गया*
दिनांक 19/03/2026 को कैमूर जिला के अधौरा प्रखंड के मैदान में जनमुक्ति आंदोलन के घटक 'कैमूर मुक्ति आंदोलन' के कार्यकर्ताओं के साथ आमसभा आयोजित की गयी। सभा का विषय जंगलों में रहने वाले आदिवासियों के जीवन में वनाधिकार से संबंधित परेशानियों को जानना,अधिकारियों को आम वनवासियों की परेशानी से अवगत कराना और उन्हें वनाधिकार क़ानून के पहलुओं से अवगत कराना था। इसी उद्देश्य से जनमुक्ति आंदोलन के राष्ट्खरवार, नावानगरी गाँव के बजरंगी अगरिया, डुमरखोन गाँव के धर्मेंद्र साइ खरवार, गुल्लू गाँव के राजेंद्र उड़ाँव, दिघार गाँव के रामलाल राम, नेउरु आठन के साहब सिंह खरवार, कदहरकला गाँव के जगदयाल खरवार, कोथिलावर गाँव के सत्यनारायण सिंह, दीघार ग्राम के साथ जिला प्रशासन के प्रतिनिधि के रूप में जिला कल्याण पदाधिकारी, कैमूर और प्रखंड प्रशासन के प्रतिनिधि के रूप में प्रखंड कल्याण पदाधिकारी, अधौरा भी उपस्थित थे। सभा में करीब डेढ़ दर्जन पंचायतों से आए हुए दो सौ से अधिक महिला-पुरुष उपस्थित हुए।
सर्वप्रथम संगठन के महासचिव श्री हरिलाल प्रसाद ने 'जनमुक्ति आंदोलन' की स्थापना, कार्यों और कार्यशैली के बारे में बताया। फिर 'कैमूर मुक्ति मोर्चा' के संयोजक हीरालाल शर्मा ने सभा के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह सभा आदिवासियों वनाधिकार के मुद्दों को जानने, आदिवासियों को वनाधिकार प्राप्त होने में आनेवाली कठिनाई के मार्गदर्शन के लिए तथा प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मिलकर उनका समाधान करने के लिए बुलायी गयी है।
तत्पश्चात गोइयाँ गाँव के सिपाही सिंह खरवार, नावानगरी गाँव के बजरंगी अगरिया, डुमरखोन गाँव के धर्मेंद्र साइ खरवार, गुल्लू गाँव के राजेंद्र उड़ाँव, दिघार गाँव के रामलाल राम, नेउरु आठन के साहब सिंह खरवार, कदहरकला गाँव के जगदयाल खरवार, कोथिलावर गाँव के सत्यनारायण सिंह, दीघार गाँव के बनारसी अगरिया, तुरिया गाँव के रामजन्म, भरहेड़ा गाँव के जगदीश अगरिया, बहेड़ा गाँव के बनारसी अगरिया, कोठीलाबार गाँव के जमींदार सिंह खरवार, ओल्दार गाँव के रामजीवन सिंह खरवार,नोगोइयाँ गाँव के रामधारी उड़ाँव आदि ने अपनी समस्याएँ रखीं।
इस आमसभा की जानकारी प्राप्त होने पर झंझट सिंह खरवार, जोगिंदर सिंह खरवार आदि पड़ोसी जिले रोहतास के भी शामिल हुए और उन्होंने अपनी बातें रखीं।
विभिन्न गाँवों से आए हुए इन लोगों ने मुख्य रूप से बताया कि वे लोग कई पुश्तों से अपने स्थान पर बेस हैं। उन्होंने वनाधिकार कानून 2006 के अनुरूप अपना दावा पत्र भी दाखिल किया था, परंतु उसका क्या हुआ, इसकी खबर उन्हें अभी तक नहीं है। कई लोग अभी तक दावा पत्र इसलिए नहीं भर पाये, क्योंकि वे उसे भर नहीं सकते और किसी ने उनकी सहायता नहीं की। इस बीच वन विभाग के कर्मचारी उनके घरों को ढाह दे रहे हैं और उजाड़ देने की धमकी देते हैं। बजरंगी अगरिया ने बताया कि उसके गाँव में 25 घर तोड़ दिए गए हैं। प्रायः सभी लोगों ने बताया कि उनके सुनने में आया है कि इस क्षेत्र में 'टाइगर प्रोजेक्ट' शुरू किया जा रहा है, जिसके कारण कई गाँवों के लोगों को विस्थापित किया जाएगा। इसकी दहशत उनके बीच व्याप्त है। इसके अलावा अनेक लोगों की अनेक लोगों की शिकायत थी कि तेंदू पत्ता, हर्रे-बहेड़ा आदि चुनने पर वन विभाग के कर्मचारी उन्हें प्रताड़ित करते हैं। इन कारणों से कई लोगों को जेल भेज दिया जाता है। अपनी परेशानियों को बताते हुए कई लोग रोने लग जा रहे थे।
आम लोगों की परेशानियों को जानने के बाद वनाधिकार क़ानून के विशेषज्ञ और सामाजिक कार्यकर्ता अशोक प्रियदर्शी ने अत्यंत सरल ढंग से उन्हें वनाधिकार क़ानून 2006 के बारे में जानकारी दी और बताया कि दावा पत्र भरते समय उन्हें प्रमाण के रूप में कौन कागज देने हैं। कई बार सही प्रमाण प्रस्तुत करने के कारण दावा ख़ारिज हो जाता है। उन्होंने यह वादा किया कि वे गाँव में रहकर फॉर्म भरने में उनकी सहायता करेंगे।
जिला कल्याण पदाधिकारी ने अपने वक्तव्य में उन्हें विश्वास दिलाया कि उन्होंने उनकी समस्यायें सुनी हैं और जिलाधिकारी के साथ विमर्श करके वे सहानुभूतिपूर्वक उनकी समस्याओं का निदान करने की कोशिश करेंगे।
संगठन के अध्यक्ष श्री व्यास जी ने अपने संबोधन में उनकी समस्याओं के प्रति सहानुभूति व्यक्त करते हुए कहा कि जनमुक्ति आंदोलन पीड़ितों की समस्याओं के समाधान के लिए सदैव तत्पर रहा है। लोगों की वास्तविक समस्याओं को जानने के लिए ही जिलाधिकारी ने अपने प्रतिनिधि के रूप में जिला कल्याण पदाधिकारी को यहाँ भेजा है। सभा से निकलकर वे ख़ुद भी जिलाधिकारी से मिलकर उन लोगों की समस्याओं के यथाशीघ्र निदान का अनुरोध करेंगे। उन्होंने आम लोगों को यह भी आश्वासन दिया कि वे वन विभाग के अपर मुख्य सचिव से मिलकर अनुरोध करेंगे कि वे वन विभाग के कर्मचारियों को वनवासियों को तंग न करने और न डराने का निर्देश जारी करें।
अन्य वक्ताओं में डॉ० अनिल कुमार राय, जनार्दन शाही आदि ने भी अपनी बातें रखीं।
अधौरा से लौटकर भभुआ में संगठन के अध्यक्ष श्री व्यास जी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधि मंडल जिलाधिकारी,कैमूर से मिला और उनसे अनुरोध किया कि बड़े पैमाने पर हो रही इस परेशानी के निदान के लिए गाँव में कैम्प आयोजित कर इसका निदान किया जाये। जिलाधिकारी ने बहुत सकारात्मक रूप से इसे स्वीकार किया और समस्याओं के निदान का आश्वासन दिया।
01/03/2026
NCERT की दर्जा 8 की किताब में Corruption in Judiciary विषय जोड़ने को सुप्रीम कोर्ट ने न्यायपालिका को बदनाम करने की गहरी साज़िश करार करते हुए दोषियों पर कठोर कार्रवाई करने हेतु मामले की पूरी जाँच करने का निर्णय लिया है ।सुप्रीम कोर्ट ने मामले का स्वतः संज्ञान लेकर यह निर्णय लिया है । कोर्ट ने यहां तक कहा है कि ज़िम्मेदार व्यक्तियों के heads must roll ! सवाल यह है कि क्या ऐसी ही तत्परता सुप्रीम कोर्ट को संविधान एवं क़ानून की रक्षा तथा हेट स्पीच देने वालों के खिलाफ नहीं दिखानी चाहिए?
NCERT की दर्जा 8 की किताब में न्यायपालिका संबंधी पाठ पर सुप्रीम कोर्ट सख़्त ! Will heads roll?
In a chapter on judiciary included in the NCERT social sciences book of class 8, a section on corruption in judiciary was also incorporated which Supreme Cou...
01/03/2026
आज दिनांक 27/02/2026 को भारतीय किसान मजदूर विकास संगठन द्वारा पाँच सूत्री मांग -
1..रासायनिक उर्वरकों की कालाबाजारी पर रोक लगाकर किसानों को उचित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए 2..दाखिल खारिज परिमार्जन एवं अन्य समस्याओं का निराकरण करवाना जल्द से जल्द सुनिश्चित किया जाए 3..कृषि कार्यों के लिए किसानों को निःशुल्क बिजली दी जाए! .. आदि को लेकर जहानाबाद जिला समाहरणालय कारगिल चौक पर धरना में जनमुक्ति आंदोलन के महासचिव एवं उपाध्यक्ष दर्जनों कार्यकर्ता के साथ उपस्थित होकर समर्थन किया
08/02/2026
सुप्रीम कोर्ट के माननीय न्यायाधीश न्यायमूर्ति उज्जल भुयान के अदालतों के बारे में दिए हालिया बयान ने न्यायपालिका की स्वतंत्रता और न्यायधीशों की विश्वसनीयता को लेकर एक नई बहस को जन्म दिया है । वे कहते हैं कि “if judges lose credibility nothing would be left of judiciary”. उन्होंने यह बयान मप्र हाईकोर्ट के एक न्यायाधीश के तबादले में केंद्र सरकार के हस्तक्षेप को लेकर दिया है । ज्ञातव्य है कि हाल में मात्र 4 माह तक पदस्स्थापित रहे संभल के CJM का तबादला कर दिया गया जिन्होंने वहां के कतिपय पुलिसकर्मियों पर हत्या के आरोप में प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया था । इन्हीं बिंदुओं को केंद्र में रखकर न्यायपालिका की स्वतंत्रता संबंधी यह विडियो आपके पेशे खिदमत है। कृपया देखिए
अदालतें, संविधान और सरकारः किसे है स्वतंत्र, स्वायत्त एवं विश्वसनीय न्यायपालिका की दरकार?
Independent judiciary constitutes one of the basic structures of Indian Constitution. Any intervention by the Governments in the functioning including appoin...
02/02/2026
जहानाबाद में 30 जनवरी 2026 महात्मा गांधी के शहादत दिवस के मौके पर जनमुक्ति आंदोलन द्वारा निकाली गई पदयात्रा
30/01/2026
आज दिनांक 30 जनवरी को जनमुक्ति आंदोलन द्वारा राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के शहादत दिवस पर जनमुक्ति आंदोलन कार्यालय डॉ विनयन आश्रम ग्राम नवादा से गांधी मैदान गांधी मूर्ति तक एक सद्भावना यात्रा का आयोजन किया गया इस यात्रा का नेतृत्व जनमुक्ति आंदोलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष व्यास जी, उपाध्यक्ष अनिल कुमार राय ,संत प्रसाद, महासचिव हरी लाल प्रसाद , एटक के अजय सिंह ने की , यात्रा जन मुक्ति आंदोलन कार्यालय से ऐसे निकली जैसे मानो अब सांप्रदायिकताकतों की नहीं चलेगी काफी संख्या में महिलाएं पुरुष अपने गगन भेदी नारों के साथ धर्मनिरपेक्षता जिंदाबाद ,नफरत छोड़ो दिल को जोड़ो, बेरोजगारों को रोजगार दो, महिलाओं पर अत्याचार बंद करो, गरीब भूमिहीनों को 5 डिसमिल जमीन दो, गैर बराबरी खत्म करो नारे के साथ भारी संख्या में पैदल चलकर इरकी, कारगिल चौक ,अंबेडकर चौक होते गांधी मूर्ति के पास पहुंची जहां लोगों के द्वारा महात्मा गांधी के मूर्ति पर माल्यार्पण किया गया इसके बाद लोग सभा में तब्दील होकर उपस्थित सभी वक्ताओं ने अपनी अपनी बातें रखी जनमुक्ति आंदोलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि गांधी जी देश के लिए आंदोलन बिहार से ही शुरू किया था और उनका सपना था कि लोगों में आपसी भाईचारा बने एक दूसरे से प्रेम करें और इसी भाईचारा के साथ रहे दूसरी तरफ गांधी जी के हत्यारे जो यह चाहते थे की मनुस्मृति से यह देश चले और एक खास धर्म का वर्चस्व हो। जन मुक्ति के उपाध्यक्ष अनिल राय जी ने कहा के आज महात्मा गांधी के शहादत दिवस पर हमें यह संकल्प लेनी चाहिए कि यह देश भारत के संविधान से ही चलेगा क्योंकि कुछ लोग आज भी भारत में मनुस्मृति लाना चाहते हैं जनमुक्ति आंदोलन के महासचिव हरी लाल प्रसाद ने कहा कि हम प्रत्येक वर्ष उनके शहादत दिवस पर इसलिए कार्यक्रम करते हैं ताकि महात्मा गांधी, के विचार एवं डॉ भीमराव अंबेडकर जी के संविधान से ही देश चले। वक्ता के रूप में बोलते हुए युवा राजद के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ रविकांत कुमार ने कहा की गांधी जी ने भारत की आजादी की लड़ाई लड़ी और देश को आजादी दिलाई यह बड़े ही गौरव की बात है ऐसे महापुरुष को हम कोटि-कोटि नमन करते हैं।तथा उनके द्वारा दिखाए गए रास्ता पर चलने का संकल्प लेते हैं। इस कार्यक्रम में जहानाबाद में नीट की छात्रा की हत्या में दोषियों को अभिलंब गिरफ्तार करने की भी मांग की गई,इस कार्यक्रम में उपस्थित संजय राय, सुनील कुमार, संजय चौधरी , मुस्ताक अहमद भीम सिंह सहित कई लोगों ने अपने बातें रखी।
26/01/2026
77वां गणतंत्र दिवस के अवसर पर जनमुक्ति आंदोलन कार्यालय ग्राम नवादा में आंदोलन के महासचिव हरि लाल प्रसाद सिंह द्वारा झंडा तोलन किया गया