आज होली हवे... सभे के दिल के गहरायी से होली के ढेर सारा शुभकामना!
आजु जीवन में अइसन पहिलका बेर भइल बा कि होली नियन बड़ त्योहार पर हम घर ना जा पवनी। दिल्ली नियन शहर, सरकारी बस एक दिन के छुट्टी, अउर काल्ह ऑफिस के जरूरी काम... मन त बहुते रहे, बाकिर मजबूरी अइसन भइल कि चाह के भी घर के राह ना पकड़ पवनी।
सच कहल जाव त, परदेस में रह के हर त्योहार काट लिहल जाला, बाकिर होली अउर दिवाली... ई दू गो अइसन परब हवे कि अगर घर से दूर बीते, त मन एकदम खाली-खाली अउर उदास हो जाला।
🥘 घर के स्वाद अउर गाँव के महक
सबसे पहिले याद आवत बा ओही घर के पकवान— गुजिया, खस्ता अउर मालपुआ... ई सब अइसन चीज ह जवन साल भर भले ना मिले, बाकिर होली के दिन हर घर के रसोई से एकर खुशबू उठेला। गाँव के ओही त खासियत बा कि हर घर से पकवान के गमक आवेला, अउर हर दरवाजा अपनापन से सभे खातिर खुला रहेला।
🙏 संस्कार अउर बचपन के याद
होली के ऊ सबेर आजुओ आँख के सोझा नाचत बा— नहा-धो के नया कपड़ा पहिरल, अबीर-गुलाल अउर प्रसाद लेके मंदिर जाइल, अउर फिर घर-घर जा के बड़-बुजुर्गन के गोड़ छू के असीरवाद लिहल। छोटका लोगन के गले लगावल अउर ऊ हुड़दंग... सब याद आवत बा।
हमरा घर के बगल में झुना फुआ रहली। हर साल होली पर ओकरा हाथ के बनल गरमा-गरम समोसा के स्वाद आजुओ जीह पर बसल बा। ऊ बोला-बोला के खियावल, ऊ दुलार... अब कहाँ!
❤️ मेल-मिलाप के असली रंग
होली के असली रंग त ओही मेल-मिलाप में बा। आजु के दिन केहू छोट-बड़ ना रहे, ऊँच-नीच के भेद मिट जाला अउर सब केहू एक-दूसरा के रंग में रंग जाला। अउर ओकर बाद दोस्तन के टोली... ऊ शरारत, ऊ हँसी-ठिठोली अउर हुड़दंग, सब अब बस याद बन के रह गइल बा।
आज रूम पर बानी, अकेले... कभी पुरान बात सोच के मन खिल उठत बा, त कभी ई सोच के उदासी छा जात बा कि आज आपन लोग साथे नइखे। बाकिर होली त खुशियन के त्योहार हवे, एही से बस ईहे अरज बा कि सब केहू खुश रहे, नीक रहे अउर सुरक्षित रहे।
घर से दूर रह के मेहनत करत हर बेटा-बेटी के तरफ से, गाँव-घर के जतने बड़ लोग बा, सभे के गोड़ लागतानी। प्रणाम! 🙏
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प्रसार भोजपुरी
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मन के बात
आज मन बड़ा उदास बा... सोचत रहीं कि जीवन के रफ्तार केतना तेज बा, लेकिन एगो पल में सब थम जाला। हमार सीनियर (इंचार्ज), जे हमरा से मात्र 4-5 साल बड़ होइहन, काल्ह ऑफिस मीटिंग के दौरान अचानक हार्ट अटैक के शिकार हो गइलन। सौभाग्य से, संगे मौजूद सहकर्मी लोग तुरंत अस्पताल पहुँचावल आ समय रहते इलाज मिल गइल, जेसे अब उनकर स्थिति स्थिर बा।
अचरज के बात ई बा कि अभी बीतल शुक्रवार के राते उनकर मैसेज आइल रहे कि— "काम बहुत पेंडिंग बा, रविवार के फाइल लेके घरे आ जइहा, मिल के निबटावल जाई। जवन इंसान परसों ले काम खतम करे खातिर रविवार के भी छुट्टी कुर्बान करे के सोचत रहे, आज उ अस्पताल के बेड पर बा। ई घटना ई बात के गवाही बा कि:
जीवन अनिश्चित बा: हमनी के अक्सर "काल्ह" के योजना बनावेनी जा, लेकिन "आज" के भूल जाइला। स्वास्थ्य ही असली धन बा: काम कतनो जरूरी होखे, शरीर से ऊपर कुछु नइखे। आज में जीयल सीखीं: जवन सपना, जवन बात या जवन काम आज जरूरी लागे, ओकरा के काल्ह पर मत टालीं। काल्ह के के देखले बा? अपनों के समय दीं: फाइल आ पेंडिंग काम कभी खतम ना होई, लेकिन जिंदगी खतम हो सकेले।
आज में जीं: काल्ह के इंतजार में आज के खुशी मत मारो। रउआ सब से विनती बा कि काम के तनाव के हावी मत होखे दीं। खुश रहीं, स्वस्थ रहीं।
19/11/2025
आजु के समय में हर आदमी नौकरी के पीछे भागता त जरूर बा, लेकिन सच्चाई ई बा कि नौकरी तबे बढ़िया लागेला, जब आदमी के दिल में शांति रहे, आ घर-परिवार साथ रहे।
होमगार्ड के नौकरी एगो ओह मौका में से बा, जवन आदमी के आपन जिला में रहके, परिवार, माई-बाबूजी, और गाँव-समाज के बीच सेवा करे के अवसर देला।
UP Home Guard Vacancy 2025: यूपी होमगार्ड भर्ती 2025 पूरा विवरण (भोजपुरी में) - प्रसार भोजपुरी यूपी होमगार्ड भर्ती 2025 खातिर कुल 41,424 पद पर बहाली के प्रक्रिया शुरू हो चुकल बा। 18 नवंबर 2025 से ऑनलाइन आवेदन शुरू हो गइल ब....
02/11/2025
भोजपुरी भाषा के मान, सम्मान आ ओह पर गर्व
भाषा इन्सान के सभसे बड़हन ताकत हवे। ई सिरिफ विचार, भावना आ अनुभव के आदान-प्रदान के जरिया ना हा, बलुक ई आदमी के असली पहचान हवे। हर आदमी के आपन मातृभाषा ओकरा आत्मा के आवाज होला, ओकरा में संस्कार, संस्कृति, इतिहास के जड़ के प्रतीक होला।
भोजपुरी के गौरव पर पढ़ीं ई विशेष लेख 👉 https://bit.ly/4qDj0F9
्रसार भोजपुरी
भोजपुरी भाषा के मान, सम्मान आ गर्व - प्रसार भोजपुरी भोजपुरी आज दुनिया भर में बोलल जाला — नेपाल, मॉरीशस, सूरीनाम, फिजी, त्रिनिदाद, आ अमेरिका तक। भोजपुरी गीत अब YouTube पर करोड...
22/10/2025
किताब के परिचय
कविता के जादू अब भोजपुरी में! किताब “ई त ऊ ह” अंगरेजी कवितन के भोजपुरी रूपांतर हा, जवना के रूपांतरण नर्मदेश्रवर जी बड़े धीरज आ निपुणता से कइले बाने। ई किताब में रउआँ देखब कि मूल अनुवाद के केवल प्रतिलिपि ना, बल्कि हर पंक्ति के नया अवतार में ढालल गइल बा, जवना से भोजपुरी पाठक लोगन खातिर पढ़े में सहजता आ आनंद दूनो मिलेला।
किताब में का खास बा
एह किताब में शेक्सपियर से लेके वर्डस्वर्थ, यीट्स, फिलिप लार्किन तक के चुनल कवि लोगन के कविता के भोजपुरी में रूपांतरण बा।
नर्मदेश्रवर जी के अनुवाद के तरीका अतना सहज आ प्रभावशाली बा कि अंगरेजी कविता के मूल भाव भोजपुरी में भी साफ-साफ महसूस होखेला। ई किताब भोजपुरी पाठक खातिर एगो अनमोल तोफा बा, जे भोजपुरी साहित्य के प्रति रुचि बढ़ावे वाला बा।
खरीद / उपलब्धता
ई किताब के खरीदारी खातिर रउआँ खरीदे खातिर एह लिंक पर जाईं आ नीचे लिंक से ई किताब मंगा ली:- https://prasarbhojpuri.com/अंगरेजी-कवितन-के-भोजपुरी/
भा सीधे प्रकाशक के वेबसाइट पर जा सकतानी: प्रकाशक: अनुज्ञा बुक्स (www.anuugyabooks.com)
https://prasarbhojpuri.com/अंगरेजी-कवितन-के-भोजपुरी/
अंगरेजी कवितन के भोजपुरी रूपांतर बहुत ही सरल भाषा में कविता के जादू अब भोजपुरी में! किताब “ई त ऊ ह” अंगरेजी कवितन के भोजपुरी रूपांतर हा, जवना के रूपांतरण नर्मदेश्रवर जी ब...
20/10/2025
🌟 प्रसार भोजपुरी के ओर से हार्दिक शुभकामना 🌟
🪔 दीपावली के पावन अवसर पर
टीम के तरफ से आप सभे के घर-आँगन में
सुख, समृद्धि, आनंद आ रोशनी के बरसात होवे।
भइल अँधियारा मिट जाव,आ हर दिन आपन जीवन में खुशहाली के नया दीया जले।
जय भोजपुरी, जय प्रकाश! ✨
– प्रसार भोजपुरी परिवार
18/10/2025
धनतेरस: समृद्धि आ आस्था के पावन पर्व
धनतेरस, दीपावली से ठीक दू दिन पहिले आवे वाला पावन दिन ह। ई दिन न केवल सोना-चांदी खरीदे के परंपरा से जुड़ल बा, बल्कि धन्वंतरि भगवान के पूजा आ मइया लक्ष्मी के असीम आशीर्वाद के प्रतीक भी ह। हिंदू धर्म में धनतेरस के खास धार्मिक महत्त्व बा, आ ई दिन स्वास्थ्य, समृद्धि, आ सुख-शांति के आश्वासन देला।
धनतेरस: समृद्धि आ आस्था के पावन पर्व पर पूजा - प्रसार भोजपुरी जानें धनतेरस के पावन पर्व के महत्व, जहाँ समृद्धि आ आस्था के साथ भगवान धन्वंतरि के पूजा के परंपरा है।
16/10/2025
आज के डिजिटल जमाना में भोजपुरी में टाइपिंग बहुत आसान हो गइल बा। चाहे WhatsApp होखे, Facebook, Instagram या ब्लॉग – हर जगह अब अपना माई भाषा में लिखल जा सकेला। नीचे हम रउआ के एक-एक करके तरीका आसान भाषा में समझा देहत बानी। रउआ सभ एकरा अनुसार सेटिंग कर के आपना भााषा में लिख सकत बानी।https://prasarbhojpuri.com/%e0%a4%ad%e0%a5%8b%e0%a4%9c%e0%a4%aa%e0%a5%81%e0%a4%b0%e0%a5%80-%e0%a4%9f%e0%a4%be%e0%a4%87%e0%a4%aa%e0%a4%bf%e0%a4%82%e0%a4%97-%e0%a4%ae%e0%a5%8b%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%87%e0%a4%b2-%e0%a4%b8/
मुख्य पन्ना - प्रसार भोजपुरी 🌞 छठ पूजा के महत्त्व छठ पर्व पूर्वांचल, बिहार, झारखंड, और उत्तर प्रदेश समेत पूरा देश में आस्था, शुद्धता और सूर्य उपा....
13/10/2025
भोजपुरिया समाज में दीपावली: आस्था, अपनापा आ सामाजिक मेलजोल के सबसे बड़का पर्व
दीपावली खाली रोशनी के त्योहार ना, ई भोजपुरिया समाज खातिर आस्था, अपनापा आ सामाजिक मेलजोल के सबसे बड़का प्रतीक मानल जाला। साल भर में जेतना त्योहार आवेला, ओह में एह त्यौहार के महत्व सबसे अलग बा। धनतेरस से भैया दूज ले चले वाला ई पूरा पाँच दिने के पर्व, परंपरा आ पारिवारिक जुड़ाव के जितल-जागता उदाहरण ह। आज के डिजिटल जमाना में भले LED लाइट आ https://prasarbhojpuri.com/%e0%a4%a6%e0%a5%80%e0%a4%aa%e0%a4%be%e0%a4%b5%e0%a4%b2%e0%a5%80-%e0%a4%86%e0%a4%b8%e0%a5%8d%e0%a4%a5%e0%a4%be-%e0%a4%85%e0%a4%aa%e0%a4%a8%e0%a4%be%e0%a4%aa%e0%a4%be-%e0%a4%86-%e0%a4%b8%e0%a4%be-2/
हमनी के असली समय बस वर्तमान बा। जे समय बीत गइल, उ अतीत हो गइल आ ओकर अब असल में कवनो अस्तित्व ना बचेला, चाहे हम दिमाग से ओकरे बारे में कतनो कुछ सोच लीं। भविष्य त अभी आइलिये ना बा, बाकिर तबो हम बार-बार ओकरा बारे में सोच-सोच के आपन मन भटकावेलीं। अक्सर कल के बात आज के रूप धर के सामने आ जाला आ हमनी के पता भी ना चलेला। एही से सबसे कीमती चीज़ ऊ पल हऽ जे अभी हमनी के पास बा, काहेंकि ई वर्तमान पल दुबारा फिर कबहुँ ना मिली।
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