01/06/2026
एक खेत में एक ही फसल बोना जमीन का आधा इस्तेमाल है।
अंतर फसली खेती में दो या उससे ज्यादा फसलें एक ही खेत में, एक ही समय पर उगती हैं। एक की जड़ें गहराई से पानी और पोषण लेती हैं, दूसरी की ऊपर से। एक ऊँची होकर धूप पकड़ती है, दूसरी नीचे रहकर जमीन ढके रखती है।
इससे एक खेत से दो उपज मिलती है, पूरी जमीन ढकी रहती है, खरपतवार दबे रहते हैं, और बारिश का पानी खेत में टिकता है, बहता नहीं।
सबसे बड़ी बात; अगर एक फसल फेल हो जाए, तो दूसरी सहारा बन जाती है। अकेली फसल में यही एक चूक पूरा मौसम ले डूबती है।
कुछ अच्छी जोड़ियाँ; मक्का के साथ लोबिया, गन्ने के साथ हल्दी, केले के साथ अदरक, अरहर के साथ मूँग।
एक खेत से दो उपज। मिट्टी की पकड़, पानी की बचत, जेब का सहारा।
Farming
01/06/2026
"जल सवेरा"
ग्रीष्म में बूंद बूंद सहेजे, अनमोल हमारा जल है,
पानी की हर बचत से
सुरक्षित आज और कल है।
31/05/2026
🌊 Rivers don’t just flow through landscapes ~ they shape the future of nations.
Join the workshop tomorrow where science, technology, and resilience converge to decode the rivers that sustain tomorrow.
31/05/2026
Quiz में लीजिए भाग और बताएँ की भारत का नियाग्रा' किस जलप्रपात को कहा जाता है?
31/05/2026
जहाँ पानी बचेगा, वहाँ भविष्य सजेगा।
बारिश के पानी को सहेजिए, संजोइए और आने वाले कल के लिए संचित कीजिए।
आप कौन सा तरीका अपनाते हैं ? कमेंट में बताए ।
PMO India C R Paatil V Somanna Ministry of Jal Shakti, Department of Water Resources, RD & GR MyGovIndia NITI Aayog National Water Mission
31/05/2026
"जल सवेरा"
कल बड़ा बदलाव लाना है तो हमें आज से छोटे-छोटे कदम उठाने होंगे अनावश्यक रूप से नल खुला न छोड़ें, वर्षा जल का संचयन (Rainwater Harvesting) करें
30/05/2026
यमुना की पुकार स्वच्छता ही सच्चा संस्कार।
यमुना को स्वच्छ, निर्मल और अविरल बनाने के इस जन-अभियान का हिस्सा बनें।
एक घंटे का आपका योगदान यमुना के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है।
📅 दिनांक: 31 मई 2026
⏰ समय: प्रातः 8:00 बजे से 9:00 बजे तक
📍 स्थान: तीसरा पुल, यमुना खादर, उस्मानपुर, दिल्ली-53
आइए मिलकर लें यह प्रण स्वच्छ यमुना, स्वस्थ पर्यावरण और सुरक्षित भविष्य का निर्माण करें।