23/09/2022
परम पूजनीय मेरे पिताजी एवं हृदय सम्राट मेरे माता जी द्वारा हरिद्वार मैं जाकर पित्र पक्ष में पितरों का पूजा करते हुए एवं गंगा स्नान करते हुए यही भारतीय सभ्यता का प्रतीक है और हमेशा इस परंपरा को हमेशा आगे बढ़ाना हम सबका परम कर्तव्य है और माता पिता और गुरु का प्रथम पूजा करना हमारा कर्म होना चाहिए ऐसी हमारी प्रार्थना है राम अनुज वेलफेयर फाउंडेशन की ओर से
23/09/2022
हर समाज की आत्मीयता उसकी कर्म में दिखता है यह पूरे विश्व में हम अच्छा और बुरा दोनों ही कर्म के भागीदार यह समाज ही है यकीन नहीं होता कि आज विश्व में वैज्ञानिक तरक्की के बाद भी हम चांद पर पहुंच चुके हैं यह खोज और विश्लेषण यकीनन विश्व के लिए बहुत महत्वपूर्ण है उससे भी महत्वपूर्ण यह बात है कि हम समाजिक सरलता के साथ मिलजुल कर कैसे रहे एक दूसरे की मदद और तरक्की में कैसे आगे आए इसकी भी खोज हम सबको अपनी अपनी आत्मा और इंसानियत से करना चाहिए हम पूरे विश्व में शांति का प्रतीक बने यही हमारी विश्लेषण और कार्य क्षमता की शक्ति होनी चाहिए और हमेशा हमें विश्व की समाज की सुख शांति और समृद्धि हेतु समाज कल्याण हेतु अग्रसर रहना चाहिए रामानुज वेलफेयर फाउंडेशन की टीम की ओर से एक संदेश और प्रेरणा है जय हिंद वंदे मातरम