29/09/2026
तेरी कमी कुछ यूँ महसूस होती है,
जैसे भीड़ में भी कोई अपना नहीं होता…
हँसते तो हैं हम आज भी,
मगर उस हँसी में पहले जैसी खुशी नहीं होती।
हर रात तेरी यादों से बातें होती हैं,
और हर सुबह आँखें तुझे ढूँढती हैं…