08/10/2026
Special Campaign: Book Review
प्रस्तुत पुस्तक में सुप्रसिद्ध विज्ञान लेखिका डॉ. वर्षा जोशीजी ने भारतीय खाद्य संस्कृति की हजारों वर्षों की समृद्ध परंपरा को व्यंजनों और उनके स्वादों में अपार विविधता के साथ-साथ उनके पीछे का वैज्ञानिक दृष्टिकोण भी प्रमाण सहित स्पष्ट करने का प्रयास किया है। इस पुस्तक की कुछ विशेषताओं में प्राचीन ग्रंथ ‘नलपाकदर्पण’ के कुछ आहार संबंधी अध्याय तथा 17वीं शताब्दी के आयुर्वेद आधारित ग्रंथ ‘भोजनकुतूहल’ के कुछ चयनित प्रकरण है । संक्षेप में कहा जाए तो, भारतीय खाद्य संस्कृति के खजाने को उजागर करने वाली यह पुस्तक जितनी ज्ञानवर्धक है, उतनी ही रोचक भी है। यह निश्चित रूप से भोजन प्रेमियों के लिए एक उपयोगी संदर्भ ग्रंथ के साथ-साथ संग्रहणीय और अध्ययनयोग्य है। यह पुस्तक भारतीय राष्ट्रीय ग्रंथसूची में सम्मिलित की गयी है।