11/04/2024
क्या मैदान से आगे दौर लगा पाएंगे बड़े मियाँ छोटे मियाँ।
बॉलीवुड के दो दिग्गज अभिनेता अजय देवगन और अक्षय कुमार एक दूसरे को टक्कर देते हुए, अपनी-अपनी फिल्मों को लेकर सिनेमा के बड़े परदों पर ,11 अप्रैल ईद के दिन अपने प्रशंसकों को ईद कि मुबारकबाद देने के लिए बड़े परदे पर उतर चुके है ।
अमित रविंदरनाथ शर्मा द्वारा सह-लिखित और निर्देशित मैदान फुटबॉल कोच सैयद अब्दुल रहीम के जीवनी पर आधारित स्पोर्ट्स ड्रामा फिल्म है । इस फिल्म के मुख्य किरदार अजय देवगन , प्रियामणि और गजराज राव हैं । फिल्म मैदान 1950 और 1960 के दशक में भारतीय राष्ट्रीय फुटबॉल टीम के स्वर्णिम युग पर आधारित है। यह फिल्म सैयद अब्दुल रहीम के जीवन पर आधारित है, जो भारतीय फुटबॉल टीम के पूर्व कोच थे और जिन्हें ''भारतीय फुटबॉल के पिता " के रूप में जाना जाता है।
फिल्म में अजय देवगन सैयद अब्दुल रहीम का किरदार निभा रहे हैं। फिल्म में दिखाया गया है , कि कैसे रहीम ने भारतीय फुटबॉल टीम को एक नई दिशा दी और उन्हें कई जीत दिलाई। फिल्म में टीम के खिलाड़ियों के बीच संघर्ष और उनके बीच दोस्ती भी दिखाई गई है ।
वहीं दूसरी तरफ, अली अब्बास जफर द्वारा लिखित और निर्देशित बड़े मियां छोटे मियां एक एक्शन -थ्रिलर फिल्म है । इस फिल्म मे अक्षय कुमार और टाइगर श्रॉफ मुख्य भूमिकाओं मे है । इसमें मानुषी छिल्लर , अलाया एफ , सोनाक्षी सिन्हा और रोनित बोस रॉय भी प्रमुख भूमिकाओं में हैं । इस फिल्म में अक्षय कुमार बड़े मियां और टाइगर श्रॉफ छोटे मियां और दोनों पुलिस कर्मियों के भूमिका मे एक्शन और कॉमेडी करते नजर आएंगे ।
आगे देखना होगा कि बॉक्स ऑफिस पर अजय देवगन कि मैदान या अक्षय कुमार कि बड़ी मियां छोटे मियां कौन सबसे ज्यादा कमाई कर पाती है ।
11/04/2024
देश में आज पूरे उत्साह और उल्लास के साथ अमन और शांति का तयोहार ईद -उल- फितर, 11 अप्रैल 2024 को मनाया जा रहा है । इस दिन मुस्लिम लोग नमाज़ पढ़कर विश्व मे अमन और शांति के लिए दुआ करते है ।
ईद कि रौनक आज सुबह से हि पटना के सड़कों पे देखने को मिल रही है ,नमाज़ी सफेद कुर्ता और सिर पर तकियाह टोपी पहनकर ईद के नमाज़ अदा करने अपने घरों से मस्जिद कि ओर जाते नजर आए ।
आज के दिन मुस्लिम वर्ग के हर छोटे बड़े लोग नमाज़ के लिए घरों से निकलते है, और मस्जिद मे काफी भीर होने के कारण ,पटना के गांधी मैदान मे पूरे पुख्ता सुरक्षा के इंतेजाम के साथ नमाज़ अदा करने के लिए सरकार द्वारा इंतेजाम किए गए है । चारों तरफ पुलिसकर्मी तैनात नजर आए ताकि, किसी तरह कि परेशानी या फिर नमाज़ियों को किसी तरह कि दिककते न आए ।
पटना के गांधी मैदान में सुबह 7 बजे से ही सैकड़ों नमाज़ियों का तांता लगने लगा है ,कई लोग अपने स्वयं के वाहन से आते नजर आए, तो कई पैदल ही साथियों के साथ ईद कि खुशियां और एक दूसरे को बधाई देते नमाज़ अदा करने पहुंचते नजर आ रहे थे ।
पटना सड़कों पर छोटे छोटे बच्चे- बच्चियाँ भी नई चिकन कुर्ता और चमकदार सलवार सूट पहने अपने वालिद और परिवार के साथ रिस्तेदारों के घर ईद मुबारक कहने और ईदी लेने और सेवईयां का लुफ़त लेने पहुँच रहे है ।
पटना में ईद को लेकर सुबह से एक वर्ग उत्साह और तयोहार मनाते नजर आए तो कही कुछ लोग सरकारी और गैर सरकारी छुट्टियों का आनंद लेते हुए ईद की भाईचारा मे शामिल होते नजर आ रहे है ।
ईद का असर वाहनों पर भी परते नजर आया ,सड़कों पर कम संखियों मे ऑटो और बसे चलते दिखे । जिस कारण लोगों को अपने जरूरत के जगहों पर जाने मे थोरी दिक्कतों का सामना करने पर रहा है ।
जैसे जैसे दिन बीतते नजर आ रहे है, लोग एक दूसरे के घर ईद कि मुबारक देने और गले लग कर एक दूसरे को अमन और शांति का संदेश देने पहुँच रहे है ।
14/03/2024
Patna Civil Court : पटना के सिविल कोर्ट में दर्दनाक धमाका, एक की मौत, दो गंभीर; ट्रांसफार्मर फटने से मची अफरातफरी और दर्दनाक हादसे को दिया अंजाम।
पटना व्यवहार न्यायालय परिसर में गेट नंबर एक के पास ट्रांसफॉमर ब्लास्ट हुआ है। हादसे में दुकानदार और वकील समेत चार लोग झुलस गए। इसमें वकील देवेंद्र प्रसाद की मौत हो गई।
घटना के बाद अशोक राजपथ में हड़कंप मच गया था।
फौरान पीरबहोर थाना पुलिस और कोर्ट परिसर में मौजूद वकीलों ने सभी को पीएमसीएम में भर्ती करवाया।
इसमें से एक की मौत हो गई। इधर, सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद ट्रांसफॉर्मर में लगी आग पर काबू पाया।
अब देखना या होगा की घटना के बाद इस मामले को लेकर बिजली विभाग सहित संबंधित अधिकारियों या कर्मचारी के किन-किन लोगों पर कार्रवाई की जाती है
यह एक बड़ी दुर्घटना है इस पर बिजली विभाग को अपनी लापरवाही और गैर जिम्मेदारी पर सुरक्षा के प्रति ध्यान देनी चाहिए।
14/03/2024
CAA.......नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, 2019
Citizenship (Amendment) Act, 2019) भारत की संसद द्वारा पारित एक अधिनियम है जिसके द्वारा सन 1955 का नागरिकता कानून को संशोधित करके यह व्यवस्था की गयी है कि 31 दिसम्बर सन 2014 के पहले पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से भारत आए हिन्दू, बौद्ध, सिख, जैन, पारसी एवं ईसाई को भारत की नागरिकता प्रदान की जा सकेगी।
मुख्य तथ्य:-
नागरिकता संसोधन विधेयक 2019 के तहत बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान से भारत में आने वाले हिन्दू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी धर्म वाले लोगो को नागरिकता दी जाएगी।
नए विधेयक के अंतर्गत यह प्रावधान है की पड़ोसी देशों के अल्संख्यक यदि 5 साल से भारत में रह रहे हैं तो वे अब भारत की नागरिकता प्राप्त कर सकते है। पहले भारत की नागरिकता प्राप्त करने के लिए 11 साल भारत में रहना अनिवार्य था।
जो प्रवासी 31 दिसम्बर 2014 से भारत में अवैध रूप से रह रहे है अब भारतीय नागरिकता हेतु आवेदन कर सकेंगे।
एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने बहुचर्चित नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, 2019 (CAA-2019) को लागू करने की दिशा में एक निर्णायक कदम उठाया है।
सोमवार, 11 मार्च 2024 को गृह मंत्री अमित शाह ने सीएए-2019 के तहत नियमों की अधिसूचना की घोषणा की, जिससे पात्र व्यक्तियों के लिए भारतीय नागरिकता के लिए आवेदन करने का मार्ग प्रशस्त हो गया।
02/03/2024
गूगल का प्रोजेक्ट #शक्ति
गूगल ने इस खास पहल 'प्रोजेक्ट शक्ति' के जरिए, इंडिया इलेक्शन फैक्ट-चेकिंग कलेक्टिव' को अपना सपोर्ट देने का वादा किया है।
गूगल की इस पहल से फैक्ट चेकर्स और न्यूज देने वाली संस्थाओं को फेक न्यूज डीपफेक और भ्रामक जानकारियों से बचने और उन्हें पहचाने में मदद मिलेगी।
इस पहल की शुरुआत 01 मार्च को की गई है।
इस मुहिम में द क्विंट, बूम, फैक्टली,और न्यूजचेकर जैसे प्रमुख संस्थान शामिल हैं।
इसकी शुरुआत गलत सूचनाओं को रोकने और सही खबरें जनता तक पहुंचे, इस मकसद के साथ की गई है।वनइंडिया ग्रुप भी गूगल न्यूज इनिशिएटिव(GNI) का हिस्सा है और फैक्ट चेक की खबरों पर काम करता है।
इस साझेदारी के तहत फैक्ट चेक रिपोर्ट्स का एक डाटाबेस भी तैयार किया जाएगा। इस परियोजना के तहत समाचार संगठनों और फैक्ट चेकर्स को एडवांस्ड फैक्ट चेक ट्रेनिंग, डीपफेक की पहचान और फैक्ट चेक एक्सप्लोरर सहित गूगल के नए टूल्स के बारे में प्रशिक्षित किया जाएगा। इनकी मदद से वेरिफिकेशन की प्रक्रिया आसान और सरल बनाई जा सकेगी।
10/02/2024
पेटीएम (Paytm) से....पाई प्लेटफॉर्म्स......
पेटीएम(payment through mobile)ई-कामर्स ने अपना नाम बदलकर.......पाई प्लेटफार्म्स कर लिया है। साथ ही उसने आनलाइन रिटेल कारोबार में हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए बिटसिला का अधिग्रहण किया है।
बिटसिला ओएनडीसी पर एक विक्रेता प्लेटफार्म है।मामले की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने बताया कि कपंनी ने करीब तीन महीने पहले नाम बदलने के लिए आवेदन किया था। आठ फरवरी को उसे कंपनी रजिस्ट्रार से मंजूरी मिल गई है।
इन दिनों पेटीएम को लेकर काफी विवाद चल रहा है।
जनवरी 2024,में आरबाआई ने पेटीएम पेमेंट्स बैंक की लगभग सभी सर्विस को बंद कर दिया।वहीं ग्राहकों को अपने पैसे की सुरक्षा के लिए 29 फरवरी तक का समय दिया है।
पीटीआई की एक खबर के मुताबिक इसमें मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ी चिंताए हैं।पेटीएम वॉलेट और कंपनी की बैंकिंग इकाई के बीच सैकड़ों करोड़ रुपये के संदिग्ध लेनदेन के कारण भारतीय रिजर्व बैंक को विजय शेखर शर्मा की गतिविधियों पर शिकंजा कसना पड़ा है।
पीपीबीएल में एक ही पैन कार्ड पर हजारों खाते खोलने, केवाईसी के बिना लाखों खातों में ट्रांजेक्शंस देखे गए हैं।ये करोड़ों रुपए के लेनदेन है।यही वजह है कि ED भी इस मामले पर पूरी नजर रख रहा है।
09/02/2024
UCC (Uniform Civil Code)
यूनिफॉर्म सिविल कोड का मतलब है कि हर धर्म, जाति, संप्रदाय, वर्ग के लिए पूरे देश में एक ही नियम. दूसरे शब्दों में कहें तो समान नागरिक संहिता का मतलब है कि ,पूरे देश के लिए एक समान कानून के साथ ही सभी धार्मिक समुदायों के लिये विवाह, तलाक, विरासत, गोद लेने के नियम एक ही होंगे।
फिलहाल समान नागरिक संहिता भारत में नागरिकों के लिए एक समान कानून को बनाने और लागू करने का एक प्रस्ताव है,जो सभी नागरिकों पर उनके धर्म, लिंग और यौन अभिरुचि की परवाह किए बिना समान रूप से लागू होगा।
पूरे देश में समान नागरिक संहिता लागू करना भारत की सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी द्वारा किए गए विवादास्पद वादों में से एक है।
समान नागरिक संहिता का उल्लेख भारतीय संविधान के भाग 4 के अनुच्छेद 44 में है। इसमें नीति-निर्देश दिया गया है कि समान नागरिक कानून लागू करना हमारा लक्ष्य होगा।
सर्वोच्च न्यायालय भी कई बार समान नागरिक संहिता लागू करने की दिशा में केन्द्र सरकार के विचार जानने की पहल कर चुका है।
इसके साथ ही समान नागरिक संहिता विधेयक पास करने वाला उत्तराखंड भारत का पहला राज्य बन गया है. छह फरवरी की सुबह उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा के पटल पर ये विधेयक रखा था।
05/02/2024
सूर्योदय योजना.......
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 22 जनवरी को गरीब वर्ग मध्यम वर्ग और जरूरतमंद लोगों के लिए सूर्योदय योजना की शुरुआत की । प्रधानमंत्री सूर्योदय योजना ,एक महत्वाकांक्षी योजना है जिसके तहत देश के लगभग एक करोड़ लोगों को इससे फायदा पहुंचेगा।
इस योजना का मुख्य लक्ष्य 1 करोड़ घर की छतों पर सौलर पैनल स्थापित करना है। केंद्र सरकार इस योजना के लिए जल्द ही एक राष्ट्रीय अभियान शुरू करेगी।
प्रधानमंत्री सूर्योदय योजना का लाभ हर उस भारतीय को मिलेगा जो सरकारी सर्विस से जुड़ा न हो। लाभार्थी की सालाना आय 1.5 लाख रुपये से ज्यादा न हो। गरीब वर्ग, मध्यम वर्ग और जरूरतमंद लोग इस योजना के पात्र होंगे।
इस योजना के लिए ,आवेदक के पास आधार कार्ड, एड्रेस प्रूफ, बिजली का बिल, बैंक पासबुक, पासपोर्ट साइज फोटो या राशन कार्ड जैसे डॉक्यूमेंट होना जरूरी है।
प्रधानमंत्री सूर्योदय योजना,से उपभोक्ताओं का बिजली बिल कम आएगा और पैसे की काफी बचत होगी और देश में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा।
04/02/2024
भारत रत्न (सर्वोच्च नागरिक सम्मान)......
भारत रत्न भारत का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। यह सम्मान राष्ट्रीय सेवा के लिए दिया जाता है। इन सेवाओं में कला, साहित्य, विज्ञान, सार्वजनिक सेवा और खेल शामिल है। इस सम्मान की स्थापना 2 जनवरी 1954 में भारत के तत्कालीन राष्ट्रपति श्री राजेन्द्र प्रसाद द्वारा की गई थी।
प्रारम्भ में इस सम्मान को मरणोपरान्त देने का प्रावधान नहीं था, यह प्रावधान 1955 में जोड़ा गया। तत्पश्चात 14 व्यक्तियों को यह सम्मान मरणोपरान्त प्रदान किया गया। एक वर्ष में अधिकतम तीन व्यक्तियों को ही भारत रत्न दिया जा सकता है।
योगदान के लिए भारत सरकार द्वारा दिए जाने वाले सम्मानों में भारत रत्न के पश्चात् क्रमशः पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्मश्री हैं।
मूल रूप में इस सम्मान के पदक का डिजाइन 35 मिमि गोलाकार स्वर्ण मैडल था। जिसमें सामने सूर्य बना था, ऊपर हिन्दी में भारत रत्न लिखा था और नीचे पुष्प हार था। और पीछे की तरफ़ राष्ट्रीय चिह्न और मोटो था। फिर इस पदक के डिज़ाइन को बदल कर तांबे के बने पीपल के पत्ते पर प्लेटिनम का चमकता सूर्य बना दिया गया। जिसके नीचे चाँदी में लिखा रहता है "भारत रत्न" और यह श्वेत फीते के साथ गले में पहना जाता है।
भारत रत्न के पहले प्राप्तकर्ता थे: भारत के डोमिनियन के अंतिम गवर्नर-जनरल और मद्रास के पूर्व मुख्यमंत्री - सी. राजगोपालाचारी, दूसरे राष्ट्रपति और भारत के पहले उपराष्ट्रपति - सर्वपल्ली राधाकृष्णन और नोबेल पुरस्कार विजेता और भौतिक विज्ञानी सी. वी. रमन, जिन्हें 1954 में सम्मानित किया गया था। तब से, यह पुरस्कार 50 व्यक्तियों को दिया गया है, जिनमें 15 को मरणोपरांत सम्मानित किया गया था। मूल क़ानून में मरणोपरांत पुरस्कारों का प्रावधान नहीं था, लेकिन पूर्व प्रधान मंत्री लाल बहादुर शास्त्री, जो मरणोपरांत सम्मानित होने वाले पहले व्यक्ति थे, के साथ उन्हें अनुमति देने के लिए जनवरी 1955 में संशोधन किया गया था। 2014 में, क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर, जो उस समय 40 वर्ष के थे, सबसे कम उम्र के प्राप्तकर्ता बने; जबकि समाज सुधारक धोंडो केशव कर्वे सबसे उम्रदराज प्राप्तकर्ता थे, जब उन्हें उनके 100वें जन्मदिन पर सम्मानित किया गया था। हालांकि आमतौर पर यह पुरस्कार भारत में जन्मे नागरिकों को दिया जाता है, यह पुरस्कार एक प्राकृतिक नागरिक - मदर टेरेसा, और दो गैर-भारतीयों को प्रदान किया गया है: अब्दुल गफ्फार खान (ब्रिटिश भारत में पैदा हुए और बाद में पाकिस्तान के नागरिक) और नेल्सन मंडेला, एक नागरिक दक्षिण अफ्रीका।
2024 में ,मोदी सरकार ने अब सांस्कृति राष्ट्रवाद और हिंदुत्व को राजनीतिक विमर्श के केंद्र में लाने वाले वरिष्ठ भाजपा नेता और देश के पूर्व उपप्रधानमंत्री लाल कृष्ण आडवाणी को ,देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'भारत रत्न' से सम्मानित करने का घोषणा किया है।
02/02/2024
लखपति दीदी योजना क्या है......
वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने अंतरिम बजट में लखपति दीदी योजना (Lakhpati Didi Scheme) को लेकर भी एक घोषणा की. वित्तमंत्री ने बजट भाषण के दौरान बताया कि 'स्वयं सहायता समूह' के श्रमिकों 'लखपति दीदियों' का लक्ष्य बढ़ा दिया है.
लखपति दीदी योजना क्या है?
राजस्थान सरकार ने 23 दिसंबर, 2023 को यह योजना शुरू की। यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के लिए एक स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम प्रदान करती है। यह योजना महिलाओं को आंगनवाड़ी दीदी, बैंक वाली दीदी और दवा वाली दीदी जैसे स्वयं सहायता समूहों में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित करती है।
वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि ,लगभग 1 करोड़ महिलाओं को पहले ही लखपति दीदी बनने में मदद की है''
अंतरिम बजट के दौरान वित्तमंत्री ने कहा कि लखपति दीदी योजना की सफलता से उत्साहित होकर,सरकार ने योजना का लक्ष्य 2 करोड़ से बढ़ाकर 3 करोड़ कर दिया गया है.
जैसा की इस योजना के नाम से पता चलता है कि, यह योजना महिलाओं के लिए है. भारत के किसी भी राज्य की महिलाएं इस योजना का लाभ उठा सकती है.
इसके लिए आपको अपने राज्य में किसी 'स्वयं सहायता समूह' से जुड़ने की आवश्यकता होगी. इस योजना के लिए किसी भी प्रकार की आयु सीमा नहीं है.
01/02/2024
रोको टोको अभियान.....
बिहार की राजधानी पटना में, परिवहन विभाग के निर्देश पर राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह,के तहत बुधवार को राज्य भर मे रोको-टोको और वाहन जांच अभियान चलाया गया।
चौक -चौराहों पर वाहन चालकों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील की गई।
वही जांच के दौरान, बिना हेलमेट, सीटबेल्ट,वाहन चलाने के दौरान मोबाइल का इस्तेमाल करने और गलत दिशा में वाहन चलाने और अन्य नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर कारवाई की गई।
नियम तोड़ने वालो वाहन चालकों का हैंड हेल्ड डिवाइस से
ई - चालान काटा गया।
सड़क सुरक्षा को लेकर प्रदेश में पूरे माह यह रोको-टिको अभियान चलेगा ।
01/02/2024
दीदी की रसोई सरकारी अस्पतालों में.....
आज से पटना के पीएमसीएच में मरीजों को जीविका दीदी के रसोई से मुफ्त भोजन मिलेगा।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में 12 जनवरी की कैबिनेट बैठक में यह निर्णय लिया गया था। दीदी की रसोई योजना के अंतर्गत बिहार राज्य के सरकारी अस्पतालों के कैंटीन में जीविका दीदियों के द्वारा खाना बना कर उपलब्ध करवाया जाएगा।
इस योजना के द्वारा अस्पताल में भर्ती मरीजों, उनके परिजनों एवं अस्पताल के स्टाफ को उच्च गुणवत्ता का खाना मुहैया कराया जाएगा।
मरीजों को मुफ्त में खाना मिलेगा। जबकि, परिजनों को न्यूनतम दाम पर भोजन उपलब्ध कराया जाएगा।
प्रदेश के सभी 38 जिलों में इस योजना को लागू किया जाएगा।
पीएमसीएच में भर्ती मरीजों को सुबह,दोपहर,शाम और रात में आवश्यकता अनुसार नाश्ता, भोजन और चाय दिया जाना है।
खाने में मरीजों के पौष्टिकता का खयाल रखा जायेगा।
दीदी की रसोई में कोरोना गाइडलाइन को लेकर सभी तरह का इंतजाम करने का भी निर्देश दिया गया है।