30/05/2025
अपणु पौड़ी सुन्दर पौड़ी ❤️
हम क्खी भी चलि जावां, अपणि जड़ों तैं सदानी सींचता रावा, हमारु यी प्रयास होण चेंदू।
Pauri Garhwal is considered nature's paradise and attracts people through its charm and magnificence. The beautiful valleys, snow clad .
Pauri is located at 30.15°N 78.78°E.[1] It is located 1,814 metres (5,951 feet) above sea level. Pauri provides a panoramic view of the snow-covered Himalayan peaks of Nanda Devi and Trisul, Gangotri Group, Thalaiya-Sagar, Nilkantha, Bandar Poonch, Swargarohini, Kedarnath, Kharcha Kund, Satopanth, Chaukhamba, Ghoriparvat, Haathi Parvat, Sumeru, etc. The errand across Kandoliya-Tekka stretch along
30/05/2025
अपणु पौड़ी सुन्दर पौड़ी ❤️
हम क्खी भी चलि जावां, अपणि जड़ों तैं सदानी सींचता रावा, हमारु यी प्रयास होण चेंदू।
23/11/2018
06/10/2017
लो आब तो पौड़ी मैं भी छा गया है
12/09/2017
Jai kandoliya thakur
Pauri garhwal devbhoomi❤
01/08/2017
नेगी दा
नेगी जी कु स्वास्थ्य म बहुत अच्छु सुधार हुणु च ।
खाणकु भि खाणा छिन और बात भि कना छिन ।
बस एक गुज़ारिश च जतगा कम लोग वूँकु आइ सी यू वार्ड म जाला ,उतगा जल्दी वो ठिक व्हे जाला ।
अब चिंता कि कुई बात नीच ।
27/05/2017
कमाल है। इधर दिल्ली में हम 44 डिग्री टेंपरेचर में जले-भुने जा रहे हैं। उधर हमारे गृह नगर पौड़ी में अभी-अभी मौसम ने गजब की फिरकी मारी है।
उत्तराखंड का वो ज़िला जो इस वक़्त देश के पांच ताकतवर लोगों का घर है
Lallan Top
उत्तराखंड, जिसके बारे में लोगों का मानना है कि ये देवों और वीरों की भूमि है. यानि देवभूमि और वीरभूमि. एक ऐसा राज्य जहां हिन्दू धर्म के बड़े मंदिर हैं. इंडियन आर्मी में सबसे ज्यादा सैनिक भी यहीं से आते हैं. 1 नवंबर सन 2000 को यूपी से अलग होकर ये 27वां राज्य बना, तब नाम रखा गया उत्तरांचल. जिसका नाम अब उत्तराखंड है. इसी का एक जिला है, जहां से देश के कुछ बड़े लोग निकले हैं. मौजूदा वक़्त में इसी जिले के दो लोग अलग अलग राज्यों के सीएम हैं. यही नहीं देश की टॉप सुरक्षा एजेंसियों के हेड भी इसी जिले के ही रहने वाले हैं. ये जिला है उत्तराखंड का पौड़ी गढ़वाल.
पौड़ी गढ़वाल, उत्तराखंड के दक्षिण में ये यूपी के बॉर्डर के पास है. यही कारण है कि यूपी की राजनीति में भी इस राज्य के लोगों का नाम रहा है.
1. योगी आदित्यनाथ
यूपी के नए नवेले सीएम योगी का होमटाउन है यहां. योगी यूपी के गोरखपुर मठ के महंत हैं. गोरखपुर सीट से 1998 से लगातार 5 बार सांसद रहे हैं. योगी भाजपा का हिंदुत्व का सबसे बड़ा चेहरा हैं. ‘हिन्दू युवा वाहिनी’ के संस्थापक भी हैं. अक्सर अपने बयानों की वजह से विवादों में रहने वाले योगी का असली नाम अजय सिंह बिष्ट है. ये पौड़ी गढ़वाल के पंचौर गांव में पैदा हुए थे.
सीएम पद की शपथ के बाद मोदी-शाह के साथ योगी
2. त्रिवेंद्र सिंह रावत
उत्तराखंड में बड़े अंतर से जीतने के बाद 18 मार्च को स्टेट में भाजपा की सरकार बन गई. त्रिवेंद्र सिंह रावत को सीएम बनाया गया. रावत 2002 में पहली बार डोईवाला सीट से एमएलए बने. तब से वहां से तीन बार विधायक चुने जा चुके हैं. ये आरएसएस के प्रचारक रहे हैं और अमित शाह के काफी करीबी बताये जाते हैं. 2007 से 2012 के दौरान कृषि मंत्री भी रहे हैं. कृषि मंत्री रहते हुए बीज घोटाले में इनका नाम आया, पर जांच में कुछ साबित नहीं हुआ. रावत पौड़ी गढ़वाल के खैरासेन गांव में पैदा हुए थे. इन्होंने उत्तराखंड की हेमवती नन्दन बहुगुणा यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की है.
उत्तराखंड के नए सीएम- त्रिवेंद्र सिंह रावत अपने समर्थकों के बीच.
इनके इलावा भी चार और सीएम पौड़ी गढ़वाल डिस्ट्रिक्ट से रहे हैं. हेमावती नन्दन बहुगुणा, मेजर जनरल भुवन चंद खंडूरी, रमेश पोखरियाल निशंक और विजय बहुगुणा.
ये तो हुई मंत्रियों की बात. अब बात करते हैं सुरक्षा एजेंसियों के हेड की. इस वक्त भारत के NSA (नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर), रॉ चीफ और आर्मी चीफ, इस डिस्ट्रिक्ट से आते हैं. है ना भौचक जानकारी.
3. अजित डोभाल
भारत के जेम्स बॉन्ड कहे जाने वाले अजीत डोभाल देश के NSA (नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर) हैं. ये 1968 बैच के आइपीएस ऑफिसर हैं. मई 2014 में इन्हें NSA बनाया गया था. डोभाल अटल बिहारी वाजपेयी के काफी करीबी समझे जाते थे. वाजपेयी सरकार में आईबी के निदेशक भी रहे हैं. प्रधानमंत्री मोदी के भी काफी करीबी हैं. कंधार हाईजैक हो या पाकिस्तान में दाऊद का पीछा करना, ऐसे न जाने कितने ऑपरेशन को इन्होने अंजाम दिया है. ये पौड़ी गढ़वाल के घीड़ी बानेलस्यूं में पैदा हुए थे.
अजित डोभाल
4. बिपिन रावत
रावत दिसम्बर 2016 में 27वें आर्मी चीफ बने. ये भी पौड़ी गढ़वाल डिस्ट्रिक्ट में पैदा हुए. इनके पिता लछु सिंह रावत भी आर्मी में लेफ्टिनेंट जनरल थे. रावत ने 1978 में आर्मी ज्वाइन की थी. जनरल दलबीर सिंह सुहाग के बाद गोरखा राइफल से लगातार दूसरे चीफ बने हैं. हेलिकॉप्टर क्रैश में भी बाल-बाल बचे थे. रावत 2008 में कांगो में यूएन के शांति ऑपरेशन के दौरान इंडियन ब्रिगेड के हेड भी रह चुके हैं. रावत को उनके दो सीनियर ऑफिसर्स लेफ्टिनेंट जनरल प्रवीण बख्शी और पी एम हरीज को पीछे छोड़ आर्मी चीफ बनाया गया था.
लेफ्टिनेंट जनरल बिपिन रावत
5. अनिल कुमार धस्माना
धस्माना 1981 बैच के आइपीएस ऑफिसर हैं. इन्होने 1993 में रॉ ज्वाइन किया था. बाहरी खुफिया एजेंसियों के पाकिस्तान डेस्क के साथ बड़े पैमाने पर काम कर चुके हैं. धस्माना अजीत डोभाल के काफी करीबी माने जाते हैं. ये भी पौड़ी गढ़वाल डिस्ट्रिक्ट में पैदा हुए.
04/03/2017
गढ़वाल कि शान पौड़ी ।
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जय श्री डांडा नागराज
07/02/2017