Sabnam Bano

Sabnam Bano

Share

Contact information, map and directions, contact form, opening hours, services, ratings, photos, videos and announcements from Sabnam Bano, Political organisation, sawai madhopur, Sawai Madhopur.

14/11/2023

भरत लाल मीणा को वोट दे।
चुनाव चिन्ह - हसिया और गेहूं की बाली
विधानसभा क्षेत्र सवाई माधोपुर

12/11/2023

सवाई माधोपुर क्षेत्र वासियों को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं
भरत लाल मीणा
विधायक प्रत्याशी
विधानसभा क्षेत्र सवाई माधोपुर
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी सवाई माधोपुर

10/11/2023

हाउसिंग बोर्ड में जनसंपर्क किया
एक कदम बदलाव की ओर
भरत लाल मीणा को वोट दें
विधायक प्रत्याशी
विधानसभा क्षेत्र सवाई माधोपुर
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी
चुनाव चिन्ह- हसिया और गेहूं की बाली

09/11/2023

सवाई माधोपुर क्षेत्र वासियों को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं
भरत लाल मीणा
विधायक प्रत्याशी
विधानसभा क्षेत्र सवाई माधोपुर

Photos from Sabnam Bano's post 11/01/2023

भारतीय जन नाट्य संघ इप्टा द्वारा इप्टा के पूर्व प्रदेश महासचिव स्वर्गीय मुकेश चतुर्वेदी की प्रथम पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा सवाई माधोपुर के रणथंबोर रोड स्थित वाटिका रिसोर्ट में आयोजित की गई जिसमें
ज्ञानदीप स्कूल के प्राचार्य ज्ञानेंद्र शर्मा,
महेश चीनमिनी,
विद्या भारती स्कूल के प्राचार्य महेश बेचैन,
शिव योगी,
पीजी कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ रमेश वर्मा,
महान साहित्यकार विनोद पदरज,
कन्या महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ आरती रानी भदोरिया,
रंगकर्मी अल्ताफ,
मोइन खान गुरुजी,
सत्यनारायण पारीक जयपुर,
अभिनव योगी,
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के रामगोपाल गुनसारिया,
महिला फेडरेशन के शबनम बानो,
तन्मय चतुर्वेदी,
प्रेमा चतुर्वेदी
आदि ने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि मुकेश चतुर्वेदी ने सवाई माधोपुर से प्रदेश एवं राष्ट्रीय स्तर पर प्रगतिशील, समाजवादी, वामपंथी कम्युनिस्ट विचारधारा को नाटकों के माध्यम से जनता तक पहुंचाने का काम किया

31/12/2022

प्यारी पोती आलिया को जन्मदिन की ढेर सारी शुभकामनाएं

06/12/2022

6 दिसंबर 1956 को बाबासाहब की मृत्यु हुइ तो 6 लाख के करीब लोग इकट्ठा थे और रो रहे थे।
कामरेड कार्ल मार्क्स की मृत्यु हुई तो उनके पास सिर्फ 14 लोग थे
सोचो उन 14 लोगों ने मार्क्सवाद और कम्युनिस्ट विचारधारा को पूरे विश्व में फैला दिया और दूसरी तरफ़ वो 6 लाख भक्त घर गये और बाबासाहेब की मूर्ति/प्रतिमा के अगरबत्तिया करने लगे। जय भीम बोलकर अपना फर्ज निभाते रहे। क्यो कि कार्ल मार्क्स सर की मृत्यु पर जो 14 लोगे थे वे सच्चे अनुयायी थे। और बाबासाहब की मृत्यु पर जो 6 लाख थे वो भक्तो की भीड़ थी न कि अनुयाइयों की। जबकि आज की तारीख मे पूरे विश्व के एक चौथाई देशों में वामपंथी विचारधारा के लोग शासन कर रहे हैं या आडंबर और पाखंडवाद के खिलाफ जंग लड़ रहे हैं
अगर इन लाखो लोगों ने बाबासाहब के विचारो का प्रचार प्रसार किया होता तो कई वर्षों पहले ही अंधविश्वास और अज्ञानता का अंत हो चूका होता तथा शिक्षा तथा क्रांति का उदय हो चुका होता। ओर बाबासाहेब का असली मकसद भी यही था।
आज भी कई भ्रमित अंबेडकरवादी सिर्फ "जय भीम" के उदघोष मात्र को ही क्रांति मानते हैं। बाबासाहेब जिस देवीकरण के विरोधी थे आज कई भ्रमित मिशनरियों ने बाबासाहेब का ही देवीकरण कर उन्हे पूजना शुरु कर दिया। जिसकी हम भारत के आजू-बाजू देशों को देखें तो वहां पर कम्युनिस्ट पार्टीया शासन कर रही है मार्क्सवाद फल फूल रहा है
चलो आओ मिलकर मार्क्सवाद अंबेडकर वाद की तर्ज पर पाखंडवाद आडंबर बाद और शोषण से मुक्ति के पथ पर अग्रसर हो और वामपंथी कम्युनिस्ट विचारधारा को आगे बढ़ाएं
बाबा साहेब को नमन 🙏
शबनम बानो
जिला सचिव
अखिल भारतीय महिला फेडरेशन एनएफआईडब्ल्यू(NFIW) सवाई माधोपुर

Want your business to be the top-listed Government Service in Sawai Madhopur?

Click here to claim your Sponsored Listing.

Location

Website

Address


Sawai Madhopur
Sawai Madhopur